Bitcoin halving क्या होता है ? Bitcoin halving क्यों होता है इसका मकसद क्या है ?

Bitcoin halving क्या होता है ?
  • Supply Control: बिटकॉइन halving से हर halving के बाद नए बिटकॉइन का सप्लाई रेट घटा दिया जाता है। ब्लॉक रिवार्ड्स का आधा होना बिटकॉइन की सप्लाई को धीरे-धीरे रोकता है। इससे बिटकॉइन की total supply की एक निश्चित सीमा (21 मिलियन बिटकॉइन) की तरफ बढ़ाव होता है, जो एक deflationary monetary policy का support करता है।
  • Scarcity Increase: हर halving के साथ, बिटकॉइन की scarcity बढ़ती है। इसका मतलब यह है कि नए बिटकॉइन बनाना कम होती है, जिसे मौजूदा बिटकॉइन की वैल्यू में बढ़ोतरी मिलती है Scarcity के बढ़ने से, long-term में बिटकॉइन की कीमत और स्थिरता भी बढ़ती है।
  • Decentralization: बिटकॉइन की Decentralized प्रकृति को बनाए रखने के लिए, Halving Event एक तरह का प्रोत्साहन तंत्र( Incentive mechanism) है। Halving के बाद, Miners को कम रिवार्ड्स मिलते हैं, लेकिन ये भी नेटवर्क सुरक्षा को बनाए रखने के लिए जरूरी है। Halving से बिटकॉइन नेटवर्क के Miners की competition और हैश रेट में बदलाव आते हैं, जो नेटवर्क को सुरक्षित और Decentralized बनाए रखने में मदद करता है।

Bitcoin halving से क्रिप्टो बाजार पर क्या प्रभाव पड़ेगा?

BITCOIN 1st , 2nd and 3rd HALVING HISTORY chart
Source: Coin Metrics
Scroll to Top